मध्य प्रदेश के जबलपुर के बरगी डैम में हुए दर्दनाक क्रूज हादसे ने पूरे देश को झकझोर दिया है. इस हादसे के बाद सोशल मीडिया पर मां और बेटे की एक तस्वीर तेजी से वायरल हो रही है, जिसने हर किसी की आंखें नम कर दी हैं. तस्वीर में एक मां अपने छोटे बच्चे को सीने से लगाए दिखाई दे रही है। लोग इसे ममता की अंतिम तस्वीर बता रहे हैं.
रिपोर्ट्स के मुताबिक, हादसा तेज आंधी और खराब मौसम के दौरान हुआ, जब पर्यटकों से भरा क्रूज बरगी डैम में पलट गया। कई यात्रियों को सुरक्षित बचा लिया गया, लेकिन कुछ लोगों की जान चली गई. मृतकों में एक महिला और उसका मासूम बेटा भी शामिल बताए गए हैं.
सबसे ज्यादा भावुक करने वाली बात यह रही कि बचाव दल को मां और बच्चे के शव एक-दूसरे से लिपटे हुए मिले. बताया जा रहा है कि आखिरी पल तक मां ने अपने बेटे को सीने से लगाए रखा. यह दृश्य वहां मौजूद गोताखोरों और प्रशासनिक अधिकारियों को भी भावुक कर गया.
हालांकि, सोशल मीडिया पर वायरल हो रही कुछ तस्वीरों को लेकर फैक्ट चेक भी सामने आया है. कई मीडिया संस्थानों ने स्पष्ट किया है कि वायरल की जा रही एक तस्वीर AI से बनाई गई फर्जी फोटो थी, जिसे असली हादसे से जोड़कर शेयर किया गया। प्रशासन ने लोगों से अपील की है कि बिना पुष्टि के किसी भी तस्वीर या जानकारी को साझा न करें.
मां-बेटे की यह कहानी अब केवल एक हादसे की खबर नहीं रह गई, बल्कि ममता, दर्द और लापरवाही की ऐसी तस्वीर बन गई है जिसने पूरे देश को भावुक कर दिया है. सोशल मीडिया पर लोग मृतकों को श्रद्धांजलि दे रहे हैं और दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग कर रहे हैं.
वायरल फोटो:
क्रूज नाव हादसे के बाद , एक मां द्वारा अपने छोटे बच्चे को गले लगाने की एक बेहद भावुक तस्वीर सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म पर वायरल हो गई है, जिसमें कई उपयोगकर्ता गलत तरीके से दावा कर रहे हैं कि यह घटना के पीड़ितों को दर्शाती है.
व्हाट्सएप, फेसबुक और एक्स जैसे प्लेटफॉर्म पर व्यापक रूप से प्रसारित हुई इस तस्वीर को कई व्यक्तियों और यहां तक कि सार्वजनिक हस्तियों ने शोक के प्रतीक के रूप में साझा किया, जिसमें दावा किया गया कि तस्वीर में दिख रहे मां और बेटे के शव दुर्घटना के बाद बरामद कर लिए गए थे. इस मार्मिक दृश्य ने तुरंत लोगों के दिलों को छू लिया और घटना से जुड़े दुख की भावना को और गहरा कर दिया.
Fact Check:
हादसे से जोड़कर जो मां-बेटे की फोटो वायरल हो रही है, उसे कई फैक्ट-चेक रिपोर्ट्स ने फर्जी / AI - generated बताया है. जबलपुर प्रशासन ने भी कहा है कि यह तस्वीर असली हादसे की नहीं है और सोशल मीडिया पर गलत दावे के साथ शेयर की जा रही है.
हालांकि, हादसा असली और बेहद दुखद था. रिपोर्ट्स के अनुसार मां और बच्चे की मौत हुई थी, लेकिन वायरल फोटो वही असली तस्वीर नहीं है.
