बलरामपुर जिलें में डीजल और पेट्रोल के वितरण को अधिक पारदर्शी, सुव्यवस्थित और नियंत्रित बनाने के उद्देश्य से जिला प्रशासन ने नई गाइडलाइन जारी कर दी है। जिलाधिकारी के निर्देश पर लागू किए गए इन नियमों का मुख्य उद्देश्य कालाबाजारी पर प्रभावी रोक लगाना और आम उपभोक्ताओं को उचित दर पर ईंधन उपलब्ध कराना है।
नई व्यवस्था के अनुसार, बलरामपुर जिलें के सभी पेट्रोल पंप अब प्रतिदिन सुबह 7 बजे से रात 9 बजे तक ही संचालित होंगे। इसके अलावा, किसी भी परिस्थिति में बोतल, डिब्बे या जेरीकेन में पेट्रोल देने पर पूर्ण प्रतिबंध लगा दिया गया है। प्रशासन का मानना है कि इस कदम से अवैध भंडारण और ऊंचे दामों पर ईंधन बेचने जैसी गतिविधियों पर अंकुश लगेगा।
किसानों की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए विशेष प्रावधान भी किए गए हैं। कृषि कार्यों के लिए किसानों को उनकी पहचान (फार्मर रजिस्ट्री या किसान बही) के आधार पर 5 से 10 लीटर तक डीजल निर्धारित दर पर उपलब्ध कराया जाएगा, जिससे खेती से जुड़े कार्य प्रभावित न हों।
सामान्य स्थिति में ईंधन की आपूर्ति केवल वाहनों में ही की जाएगी। हालांकि, मेडिकल इमरजेंसी या अन्य आपातकालीन परिस्थितियों में निर्धारित समय के बाद भी ईंधन उपलब्ध कराया जा सकेगा, लेकिन इसके लिए संबंधित अधिकारियों या पुलिस को सूचित करना अनिवार्य होगा।
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि यदि कोई पेट्रोल पंप संचालक इन निर्देशों का उल्लंघन करता पाया गया, तो उसके खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई की जाएगी। अधिकारियों ने सभी पंप संचालकों से नियमों का कड़ाई से पालन करने की अपील की है, ताकि व्यवस्था सुचारु बनी रहे और उपभोक्ताओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो।
