बलरामपुर जिलें में भारत-नेपाल सीमा पर स्थित जरवा प्रवेश मार्ग पर बन रहे स्वागत द्वार का निर्माण कार्य निर्धारित गति से आगे नहीं बढ़ पा रहा है। करीब 1.14 करोड़ रुपये की लागत वाली इस परियोजना का निर्माण पिछले नवंबर से जारी है, लेकिन अब तक काम पूरा नहीं होने से स्थानीय लोगों और सीमा पार आने-जाने वाले यात्रियों में नाराजगी बढ़ रही है।
निर्माणाधीन स्वागत द्वार से प्रतिदिन बड़ी संख्या में पर्यटक, स्थानीय नागरिक और वाहन गुजरते हैं। ऐसे में सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी चिंता जताई जा रही है। स्थानीय लोगों का कहना है कि निर्माण कार्य के दौरान ऊपर से मलबा या निर्माण सामग्री गिरने का खतरा बना रहता है, जिससे कभी भी दुर्घटना हो सकती है। उन्होंने कार्यदायी संस्था से सुरक्षा के पर्याप्त इंतजाम करने और निर्माण कार्य में तेजी लाने की मांग की है।
कार्यदायी संस्था के अवर अभियंता राम नरेश ने बताया कि फिलहाल स्वागत द्वार पर पत्थर लगाने का कार्य चल रहा है। उन्होंने कहा कि परियोजना को 31 जुलाई तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है और तय समयसीमा के भीतर कार्य पूरा करने का प्रयास किया जा रहा है।
